मनेन्द्रगढ़। पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सद्भाव का संदेश जन-जन तक पहुंचाने के संकल्प के साथ भारत भ्रमण पर निकले उत्तर प्रदेश के वाशु राइडर का मनेन्द्रगढ़ पहुंचने पर आत्मीय स्वागत किया गया। उनकी इस यात्रा का उद्देश्य लोगों को प्रकृति के प्रति जिम्मेदार बनाने के साथ समाज में आपसी भाईचारे, एकता और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देना है।
उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के ग्राम दयालनगर, राजपुर चुंगी निवासी वाशु राइडर, पिता दिनेश कुमार, देश भ्रमण पर निकले हैं। यात्रा के दौरान वे विभिन्न राज्यों और क्षेत्रों में पहुंचकर लोगों से संवाद कर रहे हैं तथा पर्यावरण संरक्षण एवं सामाजिक सद्भाव का संदेश दे रहे हैं। इसी कड़ी में वे कोरिया जिले के बैकुंठपुर से होते हुए एमसीबी जिले के मुख्यालय मनेन्द्रगढ़ पहुंचे।
सैलून संघ के पदाधिकारियों ने किया स्वागत
मनेन्द्रगढ़ में प्रदेश सह सचिव, सैलून संघ प्रकोष्ठ छत्तीसगढ़ ललित सेन, जिला सचिव अनिल ठाकुर, ब्लॉक अध्यक्ष सुखसागर सेन, पन्नालाल सेन और संतोष सेन ने वाशु राइडर से मुलाकात कर उनका स्वागत किया। इस दौरान उनकी यात्रा के अनुभवों और अभियान के उद्देश्यों पर चर्चा हुई।
संघ के पदाधिकारियों ने पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक एकता के प्रति उनके प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाना और समाज में आपसी सद्भाव बनाए रखना बेहद जरूरी है। ऐसे जन-जागरूकता अभियान लोगों को प्रकृति और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
स्वल्पाहार के बाद अगले पड़ाव के लिए रवाना
मनेन्द्रगढ़ में आत्मीय मुलाकात और चर्चा के बाद वाशु राइडर को स्वल्पाहार कराया गया। इसके पश्चात वे अपनी यात्रा को आगे बढ़ाते हुए गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के लिए रवाना हो गए।
जानकारी के अनुसार, उनकी भारत भ्रमण यात्रा वर्ष 2028 तक पूरी होने की संभावना है। इस दौरान वे स्कूलों, कॉलेजों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर पहुंचकर लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने का प्रयास कर रहे हैं। उनका लक्ष्य यात्रा के माध्यम से देश के विभिन्न हिस्सों में प्रकृति की रक्षा, सामाजिक एकता और आपसी भाईचारे का संदेश पहुंचाना है।
मनेन्द्रगढ़ में मिले आत्मीय स्वागत से उनके अभियान को स्थानीय स्तर पर प्रोत्साहन मिला। वाशु राइडर की यह पहल लोगों को पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने और समाज में सद्भाव बनाए रखने के लिए प्रेरित करने का संदेश देती है।
