रायपुर। छत्तीसगढ़ अब क्रिकेट, हॉकी और अन्य पारंपरिक खेलों के साथ-साथ प्रोफेशनल गोल्फ के क्षेत्र में भी अपनी अलग पहचान बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। नवा रायपुर स्थित फेयरवे गोल्फ एंड कंट्री क्लब रिजॉर्ट में आयोजित ‘डीपी वर्ल्ड नवा रायपुर ओपन 2026’ प्रदेश को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय गोल्फ मानचित्र पर स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बनकर सामने आया है। प्रतियोगिता में देश-विदेश के 132 प्रोफेशनल गोल्फर हिस्सा ले रहे हैं, जिनमें 18 विदेशी खिलाड़ी शामिल हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मंगलवार को आयोजित कार्यक्रम में प्रतियोगिता की ट्रॉफी का अनावरण किया। इस अवसर पर उन्होंने स्वयं गोल्फ में हाथ आजमाते हुए शानदार शॉट लगाया और खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। कार्यक्रम में 1983 क्रिकेट विश्व कप विजेता भारतीय टीम के कप्तान एवं प्रोफेशनल गोल्फ टूर ऑफ इंडिया (PGTI) के अध्यक्ष कपिल देव विशेष रूप से मौजूद रहे।
‘गोल्फ के नक्शे पर नई पहचान बना रहा छत्तीसगढ़’
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ तेजी से देश के उभरते हुए स्पोर्ट्स डेस्टिनेशन के रूप में अपनी पहचान बना रहा है। खेल अधोसंरचना के विस्तार, खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के आयोजन से प्रदेश में खेल संस्कृति को नई गति मिल रही है।
उन्होंने कहा कि डीपी वर्ल्ड नवा रायपुर ओपन आने वाले समय में छत्तीसगढ़ की नई पहचान बन सकता है। ऐसे आयोजन नवा रायपुर को देश-दुनिया के प्रमुख गोल्फ डेस्टिनेशन के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कभी गोल्फ को सीमित वर्ग से जुड़े खेल के रूप में देखा जाता था, लेकिन आज छत्तीसगढ़ में इतने बड़े स्तर पर प्रोफेशनल गोल्फ टूर्नामेंट का आयोजन बदलती खेल संस्कृति का प्रमाण है। राज्य सरकार गोल्फ को बढ़ावा देने, आवश्यक सुविधाओं के विस्तार और प्रतिष्ठित प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए हरसंभव सहयोग करेगी।
132 खिलाड़ियों में 18 विदेशी गोल्फर
नवा रायपुर ओपन में 132 प्रोफेशनल गोल्फर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं। इनमें 18 विदेशी खिलाड़ी भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने इसे प्रदेश के लिए गौरव का विषय बताते हुए कहा कि इतने बड़े स्तर के खिलाड़ियों का छत्तीसगढ़ पहुंचना यहां विकसित हो रहे अनुकूल खेल वातावरण को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से केवल खेलों को बढ़ावा नहीं मिलता, बल्कि प्रदेश की राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान भी मजबूत होती है। साथ ही खेल पर्यटन को गति मिलती है और स्थानीय युवाओं को विश्वस्तरीय खिलाड़ियों को करीब से देखने तथा उनसे प्रेरणा लेने का अवसर मिलता है।
खेल अधोसंरचना के साथ प्रतिभाओं को मिल रहे नए अवसर
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार खेलों को युवाओं के व्यक्तित्व विकास, अनुशासन और आत्मविश्वास से जोड़कर आगे बढ़ा रही है। प्रदेश में खेल अधोसंरचना के विस्तार के साथ राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के आयोजन पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।
प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आधुनिक प्रशिक्षण, बेहतर संसाधन और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं तक पहुंच उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन को बजट में शामिल किया गया है। सरकार का प्रयास है कि प्रतिभाओं के आगे बढ़ने में संसाधनों और अवसरों की कमी बाधा न बने।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘खेलो इंडिया’ और ‘फिट इंडिया’ के संकल्प के अनुरूप प्रदेश में खेलों के लिए बेहतर वातावरण तैयार किया जा रहा है। नेशनल ट्राइबल गेम्स, बस्तर ओलंपिक और सरगुजा ओलंपिक जैसे आयोजनों ने दूरस्थ क्षेत्रों के युवाओं को अपनी खेल प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच दिया है।

खिलाड़ियों को बस्तर और सरगुजा घूमने का न्योता
मुख्यमंत्री साय ने प्रतियोगिता में हिस्सा लेने पहुंचे देश-विदेश के खिलाड़ियों का छत्तीसगढ़ की धरती पर आत्मीय स्वागत किया। उन्होंने खिलाड़ियों से अपील की कि वे टूर्नामेंट के साथ समय निकालकर प्रदेश के पर्यटन स्थलों का भी भ्रमण करें।
उन्होंने विशेष रूप से बस्तर और सरगुजा की प्राकृतिक सुंदरता एवं जनजातीय संस्कृति का उल्लेख किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक संपदा से समृद्ध प्रदेश है। बस्तर का प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात, घने वन और प्राकृतिक स्थल पर्यटकों को आकर्षित करते हैं, वहीं सरगुजा अपनी पहाड़ियों, वनों और विशिष्ट सांस्कृतिक विरासत के लिए जाना जाता है।
उन्होंने कहा कि खिलाड़ी जब छत्तीसगढ़ से लौटें तो अपने साथ केवल टूर्नामेंट की यादें ही नहीं, बल्कि प्रदेश की प्राकृतिक सुंदरता और यहां के आत्मीय आतिथ्य की स्मृतियां भी लेकर जाएं।
कपिल देव बोले- हर साल हो बड़ा गोल्फ टूर्नामेंट
पीजीटीआई अध्यक्ष एवं 1983 विश्व कप विजेता भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान कपिल देव ने नवा रायपुर ओपन के आयोजन के लिए मुख्यमंत्री और छत्तीसगढ़ सरकार का आभार जताया। उन्होंने कहा कि इस तरह के बड़े प्रोफेशनल आयोजन प्रदेश में खेल संस्कृति को मजबूत करने के साथ नई प्रतिभाओं को भी प्रेरित करते हैं।
कपिल देव ने इच्छा जताई कि छत्तीसगढ़ में इस गोल्फ प्रतियोगिता का आयोजन हर साल किया जाए और आने वाले वर्षों की तारीखें पहले से निर्धारित हों। इससे देश-विदेश के खिलाड़ी अपने टूर्नामेंट कैलेंडर के अनुसार छत्तीसगढ़ आने की योजना बना सकेंगे।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ का वातावरण गोल्फ के लिए अनुकूल है और यहां खिलाड़ियों को मिलने वाला आत्मीय आतिथ्य इसकी खास पहचान है। उन्होंने विश्वास जताया कि जिस तरह दिल्ली, बेंगलुरु और कोलकाता गोल्फ के प्रमुख केंद्रों के रूप में पहचाने जाते हैं, उसी तरह आने वाले समय में छत्तीसगढ़ भी देश के प्रमुख गोल्फ डेस्टिनेशन के रूप में अपनी जगह बनाएगा।
गोल्फ सुविधाओं और आतिथ्य की सराहना
पीजीटीआई के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमनदीप चहल ने भी छत्तीसगढ़ में मिल रहे आतिथ्य और गोल्फ से जुड़ी सुविधाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि यहां खेलने वाले खिलाड़ी गोल्फ कोर्स और व्यवस्थाओं से प्रभावित होते हैं तथा दोबारा छत्तीसगढ़ आकर खेलने की इच्छा जताते हैं।
नवा रायपुर के लिए नई संभावनाओं का द्वार
‘डीपी वर्ल्ड नवा रायपुर ओपन 2026’ के आयोजन से नवा रायपुर को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय गोल्फ मानचित्र पर स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। बड़े खेल आयोजनों, बेहतर होती खेल सुविधाओं और खिलाड़ियों के लिए विकसित किए जा रहे अनुकूल वातावरण के बीच छत्तीसगढ़ के देश के प्रमुख स्पोर्ट्स और गोल्फ डेस्टिनेशन के रूप में उभरने की संभावनाएं और मजबूत होंगी।
