मनेन्द्रगढ़। स्थानीय अलास्का कंप्यूटर सेंटर में विधिक साक्षरता शिविर का सफल आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने सहभागिता करते हुए न्यायिक प्रक्रिया, कानूनी अधिकारों और उपलब्ध विधिक सहायता के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम का उद्देश्य विशेष रूप से युवाओं एवं आम नागरिकों को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा जरूरत पड़ने पर विधिक सहायता प्राप्त करने के तरीकों से अवगत कराना रहा।
कार्यक्रम में व्यवहार न्यायालय मनेन्द्रगढ़ से अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष, तालुका विधिक सेवा समिति यशवंत वासनिकर तथा मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी लोकेश कुमार विशेष रूप से उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के प्रारंभ में संस्था के संचालक मो. फिरोज मंसूरी एवं वरिष्ठ शिक्षक विजय विश्वकर्मा ने अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। इसके पश्चात न्यायिक अधिकारियों ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कानून एवं न्याय व्यवस्था से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं।
‘न्याय सबके लिए’ NALSA का प्रमुख उद्देश्य
मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी लोकेश कुमार ने विद्यार्थियों को न्यायालयीन प्रक्रियाओं एवं न्याय से संबंधित बुनियादी जानकारी दी। उन्होंने राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए बताया कि मध्यस्थता एवं सुलह परियोजना समिति (MCPC) के माध्यम से आम लोगों तक कानूनी सहायता और विधिक जागरूकता पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि ‘न्याय सबके लिए’ NALSA का प्रमुख उद्देश्य है और विधिक साक्षरता शिविर इसी उद्देश्य को जन-जन तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण माध्यम हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से कानून के प्रति जागरूक रहने और अपने अधिकारों के साथ-साथ अपने कर्तव्यों की जानकारी रखने का आह्वान किया।
राष्ट्रीय लोक अदालत की भी दी जानकारी

अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं तालुका विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष यशवंत वासनिकर ने विद्यार्थियों को NALSA की उपयोगिता और विधिक सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विधिक सेवा संस्थाएं आम नागरिकों को उनकी कानूनी समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक मार्गदर्शन एवं सहायता उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
उन्होंने राष्ट्रीय लोक अदालत के संबंध में भी विद्यार्थियों को विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि लोक अदालत के माध्यम से आपसी सहमति और समझौते के आधार पर अनेक मामलों का सरल एवं त्वरित निपटारा किया जा सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों को उपलब्ध कानूनी सहायता के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया।
विद्यार्थियों ने उत्साह से लिया हिस्सा
शिविर में उपस्थित विद्यार्थियों ने न्यायिक अधिकारियों से कानून एवं न्यायिक प्रक्रिया से जुड़े विषयों की जानकारी प्राप्त की और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। विद्यार्थियों ने इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम को उपयोगी बताते हुए इसमें उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
कार्यक्रम का संचालन थाना मनेन्द्रगढ़ के अधिकार मित्र अजय विश्वकर्मा ने कुशलतापूर्वक किया। अंत में संस्था प्रशासन ने शिविर के सफल आयोजन के लिए उपस्थित न्यायिक अधिकारियों, अतिथियों एवं शिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही भविष्य में भी विद्यार्थियों और आम नागरिकों के हित में इस तरह के विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने का संकल्प लिया गया।
