मनेंद्रगढ़। स्वास्थ्य, फिटनेस और पर्यावरण संरक्षण को जनअभियान का स्वरूप देने वाले सतीश कुमार द्विवेदी को उनके उल्लेखनीय सामाजिक प्रयासों के लिए जिला सभागार में सम्मानित किया गया। जिला कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने उन्हें फिट इंडिया एंड सेव एनवायरमेंट अभियान के अंतर्गत निरंतर किए जा रहे कार्यों के लिए सम्मान प्रदान किया।
सतीश कुमार द्विवेदी पिछले करीब तीन दशकों से साइकिलिंग को स्वस्थ जीवनशैली और पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी माध्यम बनाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। उनके अभियान में साइकिलिंग के साथ-साथ सीड्स बॉल थ्रो, पौधरोपण, प्लास्टिक के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता तथा विद्यार्थियों और युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना प्रमुख रूप से शामिल है।
साइकिलिंग के साथ प्रकृति संरक्षण का संदेश
अभियान के दौरान सतीश कुमार द्विवेदी साइकिल से विभिन्न स्थानों की यात्रा करते हुए उपयुक्त क्षेत्रों में सीड्स बॉल डालते हैं। उनका उद्देश्य वर्षा ऋतु के बाद प्राकृतिक रूप से पौधों के विकसित होने की संभावनाओं को बढ़ाना और हरित क्षेत्र के विस्तार में योगदान देना है। इस अनूठी पहल के माध्यम से वे लोगों को यह संदेश भी देते हैं कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी योजनाओं तक सीमित विषय नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
वे विभिन्न स्कूलों, कॉलेजों और छात्रावासों में पहुंचकर विद्यार्थियों को नियमित व्यायाम एवं साइकिलिंग अपनाने, अधिक से अधिक पौधे लगाने, प्लास्टिक के उपयोग को कम करने तथा प्रकृति के प्रति जिम्मेदार व्यवहार करने के लिए प्रेरित करते हैं। साथ ही युवाओं को नशे से दूर रहने, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का संदेश भी देते हैं।
25 हजार किलोमीटर से अधिक साइकिलिंग, 450 संस्थानों तक पहुंचा अभियान
सतीश कुमार द्विवेदी का अभियान लगभग तीन दशकों से निरंतर जारी है। अब तक वे 25 हजार किलोमीटर से अधिक साइकिलिंग कर चुके हैं और करीब 450 स्कूलों, कॉलेजों एवं अन्य शैक्षणिक संस्थानों में विद्यार्थियों के बीच स्वास्थ्य एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश पहुंचा चुके हैं।
उनकी उल्लेखनीय उपलब्धियों में वर्ष 1997 में मनेंद्रगढ़ से नेपाल के काठमांडू तक लगभग 1100 किलोमीटर की साइकिल यात्रा भी शामिल है। इस यात्रा के अनुभवों पर आधारित उनकी पुस्तक ‘साइकिल से हिमालय’ भी प्रकाशित हो चुकी है, जो उनके साइकिलिंग अभियान और यात्राओं के अनुभवों को सामने रखती है।
सम्मान को बताया नई ऊर्जा का माध्यम
सम्मान प्राप्त करने के अवसर पर सतीश कुमार द्विवेदी ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा मिला यह सम्मान उनके लिए प्रेरणा और नई ऊर्जा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि वे भविष्य में भी साइकिलिंग के माध्यम से स्वस्थ समाज, स्वच्छ पर्यावरण और हरित भविष्य का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास जारी रखेंगे।
उन्होंने कहा, “मेरा उद्देश्य केवल स्वयं साइकिल चलाना नहीं, बल्कि बच्चों और युवाओं को यह समझाना है कि स्वस्थ शरीर, स्वच्छ पर्यावरण और नशामुक्त समाज ही बेहतर भविष्य की आधारशिला हैं।”
अधिकारियों ने की अभियान की सराहना
जिला सभागार में आयोजित सम्मान समारोह के दौरान उपस्थित अधिकारियों एवं अन्य लोगों ने सतीश कुमार द्विवेदी के लंबे समय से जारी स्वास्थ्य एवं पर्यावरण जागरूकता अभियान की सराहना की। अधिकारियों ने कहा कि व्यक्तिगत प्रयासों के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने वाली ऐसी पहलें अन्य लोगों को भी प्रेरित करती हैं।
सतीश कुमार द्विवेदी का यह अभियान इस बात का उदाहरण है कि यदि व्यक्तिगत जुनून और सामाजिक जिम्मेदारी को एक साथ जोड़ा जाए, तो स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण और युवा जागरूकता के क्षेत्र में व्यापक प्रभाव पैदा किया जा सकता है।
