मनेंद्रगढ़। मित्रता केवल एक रिश्ता नहीं, बल्कि विश्वास, सहयोग, संवेदनशीलता और मानवीय मूल्यों की मजबूत नींव है। इन्हीं जीवन मूल्यों को विद्यार्थियों के व्यक्तित्व का अभिन्न हिस्सा बनाने के उद्देश्य से दिल्ली वर्ल्ड पब्लिक स्कूल, मनेंद्रगढ़ में फ्रेंडशिप डे उत्साह, आत्मीयता और गरिमामय वातावरण के बीच हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। विद्यालय परिसर दिनभर रंग-बिरंगे फ्रेंडशिप बैंड, आकर्षक कार्ड, बच्चों की मुस्कान और मित्रता के संदेशों से जीवंत बना रहा।
कार्यक्रम की शुरुआत विद्यार्थियों को मित्रता के वास्तविक महत्व और उसके सामाजिक एवं नैतिक पक्ष से परिचित कराते हुए हुई। शिक्षकों ने बच्चों को बताया कि सच्चा मित्र वही होता है, जो हर परिस्थिति में साथ निभाए, सही मार्ग पर चलने की प्रेरणा दे तथा कठिन समय में संबल बनकर खड़ा रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को सकारात्मक सोच वाले मित्र चुनने और जीवनभर विश्वास एवं सम्मान के रिश्ते निभाने का संदेश दिया।
इस अवसर पर प्री-प्राइमरी कक्षाओं के नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों के लिए फ्रेंडशिप कार्ड मेकिंग एक्टिविटी आयोजित की गई। बच्चों ने अपनी कल्पनाशीलता, रचनात्मकता और रंगों के सुंदर संयोजन से आकर्षक एवं भावनात्मक फ्रेंडशिप कार्ड तैयार किए। प्रत्येक कार्ड में मासूमियत, स्नेह और निष्कपट मित्रता की झलक दिखाई दी। विद्यार्थियों ने अपने हाथों से बनाए गए इन कार्डों को अपने प्रिय मित्रों को भेंट कर उनके प्रति सम्मान और अपनत्व व्यक्त किया। इस गतिविधि ने बच्चों की सृजनात्मक क्षमता को निखारने के साथ-साथ साझा करने, प्रेमपूर्वक संबंध निभाने और भावनाओं को अभिव्यक्त करने की कला को भी प्रोत्साहित किया।
वहीं कक्षा तृतीय से बारहवीं तक के विद्यार्थियों ने एक-दूसरे की कलाई पर फ्रेंडशिप बैंड बांधकर मित्रता के अटूट बंधन को और मजबूत किया। विद्यालय का प्रत्येक कक्ष और परिसर रंग-बिरंगे बैंड, आत्मीय शुभकामनाओं और प्रसन्न चेहरों से सराबोर दिखाई दिया। विद्यार्थियों ने एक-दूसरे के सुख-दुःख में साथ निभाने, परस्पर सम्मान बनाए रखने तथा प्रेम, सहयोग, सहिष्णुता और भाईचारे जैसे मानवीय मूल्यों का पालन करने का संकल्प लिया।
विद्यालय की निदेशिका श्रीमती पूनम सिंह ने अपने प्रेरणादायी संदेश में कहा कि मित्रता केवल साथ समय बिताने का नाम नहीं, बल्कि विश्वास, संवेदना, निष्ठा और परस्पर सम्मान की अमूल्य डोर है, जो जीवन को सार्थक बनाती है। उन्होंने कहा कि विद्यालय का उद्देश्य केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना ही नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में नैतिक, सामाजिक और मानवीय मूल्यों का विकास करना भी है, ताकि वे भविष्य में संवेदनशील, जिम्मेदार और आदर्श नागरिक बन सकें।
विद्यालय के प्राचार्य श्री अश्वनी वर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सच्ची मित्रता किसी स्वार्थ पर नहीं, बल्कि विश्वास, ईमानदारी, सहयोग और सद्भाव पर आधारित होती है। उन्होंने विद्यार्थियों से अच्छे मित्रों का चयन करने, सकारात्मक संगति अपनाने तथा अपने व्यवहार से समाज में प्रेम, भाईचारे और सामाजिक समरसता का संदेश फैलाने का आह्वान किया।
पूरे आयोजन के दौरान विद्यालय का वातावरण उल्लास, आत्मीयता और सौहार्द से परिपूर्ण रहा। विद्यार्थियों और शिक्षकों ने पूरे उत्साह के साथ इस दिवस को मनाते हुए यह संदेश दिया कि जीवन में सच्ची मित्रता सबसे बड़ी पूंजी है। दिल्ली वर्ल्ड पब्लिक स्कूल का यह आयोजन केवल एक औपचारिक उत्सव नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के भीतर मानवीय संवेदनाओं, नैतिक मूल्यों और सामाजिक समरसता के संस्कार विकसित करने की दिशा में एक सार्थक एवं प्रेरणादायी पहल सिद्ध हुआ।
